*धामी सरकार खोल रही नौकरी का पिटारा, 4400 पदों पर इसी माह से भर्ती*
*-16 हजार से ज्यादा युवाओं को धामी सरकार में अब तक मिल चुकी रिकॉर्ड नौकरी*
*-आयोग 11 विभागों में रिक्त पदों के लिए 15 सितंबर से शुरू करेगा भर्ती प्रकिया*
*-पुलिस, वन आरक्षी समेत इंटर और स्नातक स्तरीय पदों पर मिलेगी नौकरी*
*-आवेदन से लेकर परीक्षा और परिणाम जारी करने के शेड्यूल बनाने में जुटा है आयोग*
*देहरादून।* उत्तराखंड में सरकारी नौकरी की राह देख रहे युवाओं के लिए खुशखबरी है। सरकार 11 विभागों में रिक्त समूह ग के 4405 पदों पर इसी माह भर्ती प्रक्रिया शुरू करने जा रही है। इसके लिए उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (यूकेएसएसएससी) ने 15 सितंबर से आवेदन से लेकर परीक्षा और परिणाम का शेड्यूल जारी करने का निर्णय लिया है। इधर, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी सरकार अब तक 16 हजार से ज्यादा नौकरी देने का भी रिकॉर्ड बना चुकी है।
राज्य में बेरोजगार युवाओं को नौकरी देने में पुष्कर सिंह धामी सरकार सबसे धाकड़ साबित हो रही है। सरकार ने महज तीन साल के भीतर 16 हजार युवाओं को विभिन्न विभागों में नौकरी देने का रिकॉर्ड बनाया है। यह आंकड़ा राज्य बनने के 23 साल में किसी सरकार में युवाओं को सबसे ज्यादा नौकरी मिलने में बड़ा है। नौकरी में पारदर्शिता रहे, इसके लिए खुद मुख्यमंत्री ने युवाओं को नियुक्ति पत्र देकर सम्मानित किया है। अभी भी सरकार यूकेएसएसएससी, यूकेपीएससी, चिकित्सा सेवा चयन बोर्ड आदि के मार्फत नौकरी दिलाने की प्रक्रिया में जुटी है। इसमें पुलिस दरोगा समेत शिक्षकों के सैकड़ों पदों पर वर्तमान में भर्ती प्रक्रिया गतिमान है। इसी क्रम में धामी सरकार ने राज्य के करीब 11 विभागों में रिक्त पदों पर भर्ती करने का सिलसिला जारी रखने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने यूकेएसएसएससी के द्वारा स्वीकृत अधियाचन वाले पदों पर पारदर्शिता और समय सीमा के भीतर भर्ती करने के निर्देश दिए हैं। आयोग के अध्यक्ष जीएस मर्तोलिया ने बताया कि 11 विभागों से करीब 4405 रिक्त पदों पर भर्ती के अधियाचन स्वीकृत हुए हैं। आयोग ने इन रिक्त पदों के सापेक्ष भर्ती की तैयारी पूरी कर ली है। इस माह के 15 सितंबर से आवेदन की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगा। साथ ही परीक्षा तिथि से लेकर परिणाम का शेड्यूल भी जारी कर दिया जाएगा। आयोग के अध्यक्ष मर्तोलिया ने कहा कि आयोग द्वारा संपादित की जा चुकी भर्ती तय शेड्यूल से रिकॉर्ड समय में संपन्न हुई हैं। आयोग का प्रयास रहता कि परीक्षा से लेकर परिणाम समय पर जारी हो। आगे भी पारदर्शिता और समय सीमा पर रिक्त पदों की भर्ती कराई जाएगी।
*युवाओं को इन पदों पर मिलेगी नौकरी*
आयोग के अनुसार 15 सितंबर से पुलिस आरक्षी के 2000, वन आरक्षी के 700, इंटर स्तरीय सींचपाल, कनिष्ठ सहायक, राजस्व सहायक, मेट, कार्य पर्यवेक्षक के 1200, वैयक्तिक सहायक के 280, वैज्ञानिक सहायक के 50, स्नातक स्तरीय 50, सहायक विकास अधिकारी के 40, वाहन चालक 25, लाइब्रेरियन के 10, प्राईमरी शिक्षक एसटी के 15, आईटीआई विभिन्न ट्रेड के 35 पदों पर भर्ती होनी है।
“राज्य गठन के 23 सालों के भीतर युवाओं को समय पर रिकॉर्ड नौकरी मिली हैं। करीब 16 हजार युवाओं को अब तक नौकरी मिल चुकी हैं। खुद मेरे द्वारा युवाओं को नियुक्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया है। हमारी सरकार द्वारा राज्य में देश का सबसे सख्त नकलरोधी कानून बनाने के बाद प्रतिभावान युवाओं को चार-चार नौकरी मिल रहीं हैं। पहले नकल माफियाओं द्वारा नौकरी का सौदा कर दिए जाने से एक ही परिवार के सदस्यों को चार-चार नौकरी मिलती थी। हमने संकल्प लिया कि उत्तराखंड के हितों और युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। ”




बताते चलें इससे पूर्व श्री कोंडे जनपद बागेश्वर के पुलिस अधीक्षक के पद पर नियुक्त थे।



हम सकुशल ढंग से यात्रा का संचालन कर पाये इसके लिए सभी कार्मिकों ने अपना योगदान दिया है। सभी ने अपने हिस्से का योगदान दिया है, बताये गये काम को समय से किया है। उन्होंने उपस्थित सभी का आभार प्रकट किया तथा आश्वस्त किया कि वे आगे भी इसी प्रकार से किसी न किसी जगह पर कार्य करने का मौका अवश्य मिलेगा।


रानीखेत से भाजपा विधायक प्रमोद नैनवाल के भाई सतीश नैनवाल को भारत नेपाल बॉर्डर पर एसएसबी ने 40 कारतूस के साथ गिरफ्तार किया है। भारत नेपाल बॉर्डर पर बनबसा में रानीखेत विधायक प्रमोद नैनवाल के छोटे भाई सतीश नैनवाल और उनके ड्राइवर को अवैध कारतूस के साथ एसएसबी ने गिरफ्तार किया, जिसके बाद बनबसा पुलिस के हवाले कर दिया। सतीश नैनवाल और उसके ड्राइवर से एसएसबी ने 7.65 एमएम के अवैध 40 जिंदा कारतूस व अन्य अवैध सामान बरामद किए हैं। फिलहाल एसएसबी ने पकड़े गए आरोपियों को बनबसा पुलिस को सौंप दिया है। आगे की कार्रवाई बनबसा पुलिस द्वारा की जा रही है। साथ ही पुलिस आरोपियों से पूछताछ और आपराधिक इतिहास खंगाल रही है।





इससे केदारनाथ धाम यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं एवं स्थानीय लोगों दोनों को बड़ी राहत मिलेगी। वहीं विकल्प के तौर पर पुल से बैराज की ओर 10 मीटर की दूरी पर बेली ब्रिज स्थापित करने की योजना है। इसके लिए प्रस्ताव तैयार कर कार्य भी शुरू कर दिया गया है। करीब 70 मीटर स्पाम का पुल तैयार किया जा रहा है जिसका मोर्थ केंद्र सरकार को अप्रूव करने भेजा गया है।
अतिवृष्टि से प्रभावित व्यवसायियों को मुख्यमंत्री आपदा राहत कोष में स्वीकृत की 09 करोड 08 लाख की धनराशि।*






